छात्रों की बनाई एक इलेक्ट्रिक कॉन्सेप्ट कार टायर और ब्रेक से निकलने वाले सूक्ष्म कणों को इकट्ठा करके सड़क से होने वाले प्रदूषण को कम करने का लक्ष्य रखती है।
नीदरलैंड्स की आइंडहोवन प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के छात्रों की एक टीम ने Ventra विकसित की है। यह इलेक्ट्रिक कॉन्सेप्ट कार सड़क से होने वाले प्रदूषण के एक ऐसे स्रोत से निपटने के लिए बनाई गई है, जिस पर कम ध्यान जाता है। हालांकि इलेक्ट्रिक वाहन एग्जॉस्ट से उत्सर्जन नहीं करते, लेकिन इस्तेमाल के दौरान उनके टायर और ब्रेक के पुर्जे फिर भी घिसते हैं और पर्यावरण में महीन कण छोड़ते हैं। Ventra का उद्देश्य इस प्रदूषण के कुछ हिस्से को फैलने से पहले पकड़ना है।
वाहन के चलते समय यह प्रणाली हवा में मौजूद कणों को विद्युत आवेश देती है, जिससे वे एक विशेष कंटेनर में जमा हो जाते हैं। यात्रा के बाद कंटेनर को निकालकर उसमें जमा सामग्री को पुनर्चक्रण के लिए भेजा जा सकता है। छात्रों की टीम के अनुमान के मुताबिक, ड्राइविंग की गति के आधार पर यह प्रणाली इन कणों के 42% तक को पकड़ सकती है।
Ventra अपने पर्यावरणीय प्रभाव को कम करने के लिए हल्के निर्माण का तरीका भी अपनाती है। वाहन का कम वजन सड़क की सतह पर कम दबाव डालता है और टायरों का घिसाव घटाने में मदद कर सकता है। कार की चेसिस कई पैनलों से बनी है, जिनमें थर्मोप्लास्टिक कम्पोज़िट का इस्तेमाल किया गया है और अतिरिक्त कठोरता के लिए कार्बन फाइबर से उन्हें मजबूत किया गया है।
इस तरह तैयार कार का वजन केवल 1,742 पाउंड है। Ventra की अधिकतम गति लगभग 55 मील प्रति घंटा है और पूरी तरह चार्ज होने पर इसकी घोषित रेंज लगभग 180 मील है।
यह कॉन्सेप्ट कार ड्राइवर के व्यवहार सहित ड्राइविंग के कई मानकों की निगरानी के लिए वाहन में लगे इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों का भी इस्तेमाल करती है। प्रणाली अधिक सहज ड्राइविंग के लिए सुझाव दे सकती है, जिससे टायर और ब्रेक का घिसाव कम करने तथा सड़क पर पैदा होने वाले कण प्रदूषण की मात्रा सीमित करने में मदद मिल सकती है।
Ventra अभी उत्पादन के लिए तैयार वाहन नहीं, बल्कि एक कॉन्सेप्ट है। फिर भी इसका तरीका इलेक्ट्रिक कारों के सामने उभरती एक चुनौती को उजागर करता है: एग्जॉस्ट उत्सर्जन खत्म करने से प्रदूषण का हर स्रोत खत्म नहीं हो जाता। कणों के संग्रह, हल्के निर्माण और ड्राइविंग संबंधी फीडबैक को मिलाकर छात्रों का यह प्रोजेक्ट भविष्य के इलेक्ट्रिक वाहनों को केवल एग्जॉस्ट के लिहाज से ही नहीं, बल्कि अन्य पहलुओं में भी अधिक स्वच्छ बनाने के तरीके तलाश रहा है।